मंत्री-सांसद स्वास्थ्य हेल्पलाइन से सैकड़ों लोगों को राहत:रतलाम-झाबुआ संसदीय क्षेत्र के तीन जिलों में हेल्पलाइन शुरू, निशुल्क सेवा से ग्रामीणों को मिल रहा लाभ
मंत्री-सांसद स्वास्थ्य हेल्पलाइन से सैकड़ों लोगों को राहत:रतलाम-झाबुआ संसदीय क्षेत्र के तीन जिलों में हेल्पलाइन शुरू, निशुल्क सेवा से ग्रामीणों को मिल रहा लाभ
कैबिनेट मंत्री नागर सिंह चौहान और सांसद अनीता नागर सिंह चौहान ने रतलाम-झाबुआ संसदीय क्षेत्र के तीन जिलों में "मंत्री-सांसद स्वास्थ्य हेल्पलाइन" शुरू की है। इस हेल्पलाइन का उद्देश्य संसदीय क्षेत्र के लोगों को गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का समाधान प्रदान करना है। हेल्पलाइन का लाभ न केवल रतलाम, झाबुआ, और अलीराजपुर के लोग उठा रहे हैं, बल्कि प्रदेश के अन्य जिलों जैसे शहडोल, शिवपुरी, और पन्ना के लोग भी इससे लाभान्वित हो रहे हैं। हेल्पलाइन का संचालन और लाभ हेल्पलाइन नंबर के जरिए किडनी, कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों से पीड़ित मरीजों को मदद दी जा रही है। हेल्पलाइन के माध्यम से आयुष्मान कार्ड बनवाने, गंतव्य अस्पताल तक मरीजों को पहुंचाने और सही चिकित्सा सलाह प्रदान करने जैसी सुविधाएं दी जा रही हैं। यह पूरी सेवा पूरी तरह से निशुल्क है। कैबिनेट मंत्री नागर सिंह चौहान ने बताया कि लोकसभा चुनाव के बाद यह विचार आया कि ग्रामीण क्षेत्रों में लोग स्वास्थ्य सेवाओं के लिए इधर-उधर भटकते हैं। इसलिए हेल्पलाइन शुरू की गई। इस हेल्पलाइन के जरिए अब तक 1100 से अधिक लोगों को मदद पहुंचाई जा चुकी है। अनुभव और प्रतिक्रिया ओमप्रकाश नामक व्यक्ति ने बताया कि उनकी बेटी गंभीर बीमारी से जूझ रही थी। हेल्पलाइन पर कॉल करने के बाद उन्हें उचित स्वास्थ्य सेवा उपलब्ध कराई गई और उनकी बेटी अब पूरी तरह स्वस्थ है। टीकमगढ़ जिले के बबलू ने बताया कि उन्होंने हेल्पलाइन पर कॉल करके अपने बच्चों के लिए सलाह ली और इससे उन्हें काफी मदद मिली। उन्होंने मंत्री और सांसद का आभार व्यक्त किया। रतलाम जिले के एक गांव के सरपंच ने भी इस हेल्पलाइन की सराहना की। उन्होंने कहा कि गांव के लोगों को इसके बारे में जागरूक किया गया है और वे इसका लाभ उठा रहे हैं।
कैबिनेट मंत्री नागर सिंह चौहान और सांसद अनीता नागर सिंह चौहान ने रतलाम-झाबुआ संसदीय क्षेत्र के तीन जिलों में "मंत्री-सांसद स्वास्थ्य हेल्पलाइन" शुरू की है। इस हेल्पलाइन का उद्देश्य संसदीय क्षेत्र के लोगों को गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का समाधान प्रदान करना है। हेल्पलाइन का लाभ न केवल रतलाम, झाबुआ, और अलीराजपुर के लोग उठा रहे हैं, बल्कि प्रदेश के अन्य जिलों जैसे शहडोल, शिवपुरी, और पन्ना के लोग भी इससे लाभान्वित हो रहे हैं। हेल्पलाइन का संचालन और लाभ हेल्पलाइन नंबर के जरिए किडनी, कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों से पीड़ित मरीजों को मदद दी जा रही है। हेल्पलाइन के माध्यम से आयुष्मान कार्ड बनवाने, गंतव्य अस्पताल तक मरीजों को पहुंचाने और सही चिकित्सा सलाह प्रदान करने जैसी सुविधाएं दी जा रही हैं। यह पूरी सेवा पूरी तरह से निशुल्क है। कैबिनेट मंत्री नागर सिंह चौहान ने बताया कि लोकसभा चुनाव के बाद यह विचार आया कि ग्रामीण क्षेत्रों में लोग स्वास्थ्य सेवाओं के लिए इधर-उधर भटकते हैं। इसलिए हेल्पलाइन शुरू की गई। इस हेल्पलाइन के जरिए अब तक 1100 से अधिक लोगों को मदद पहुंचाई जा चुकी है। अनुभव और प्रतिक्रिया ओमप्रकाश नामक व्यक्ति ने बताया कि उनकी बेटी गंभीर बीमारी से जूझ रही थी। हेल्पलाइन पर कॉल करने के बाद उन्हें उचित स्वास्थ्य सेवा उपलब्ध कराई गई और उनकी बेटी अब पूरी तरह स्वस्थ है। टीकमगढ़ जिले के बबलू ने बताया कि उन्होंने हेल्पलाइन पर कॉल करके अपने बच्चों के लिए सलाह ली और इससे उन्हें काफी मदद मिली। उन्होंने मंत्री और सांसद का आभार व्यक्त किया। रतलाम जिले के एक गांव के सरपंच ने भी इस हेल्पलाइन की सराहना की। उन्होंने कहा कि गांव के लोगों को इसके बारे में जागरूक किया गया है और वे इसका लाभ उठा रहे हैं।