108 कुंडीय यज्ञ स्थल पर साहित्य स्टॉल का शुभारंभ:मंडीदीप में 13 से 16 जनवरी तक आयोजित होगा गायत्री महायज्ञ

अखिल विश्व गायत्री परिवार शांतिकुंज हरिद्वार के मार्गदर्शन में होने जा रहे , 108 कुंडी गायत्री महायज्ञ मंडीदीप 13 से 16 जनवरी की तैयारी पूर्णता की ओर आज यज्ञ स्थल पर गुरुदेव पंडित श्रीराम शर्मा आचार्य जी द्वारा लिखित साहित्य का स्टॉल का शुभारंभ गायत्री परिवार के वरिष्ठ महाकालेश्वर श्रीवास्तव रमेश अभिलाषी जी और आरपी हजारी की उपस्थिति में हुआ। यह साहित्य स्टार रायसेन जिले के परिजनों द्वारा रायसेन जिले की जिला समन्वयक बबली धाकड़ के मार्गदर्शन में संचालित होगा। आज यज्ञ स्थल पर सभी सक्रिय परिजनों और व्यवस्था संबंधित समितियां के वरिष्ठ कार्यकर्ताओं की गोष्टी यज्ञ स्थल पर संपन्न हुई जिसमें पूरे यज्ञशाला, कलश यात्रा, साहित्य पंडाल सप्त क्रांति प्रदर्शनी शौचालय भोजनालय आदि विषयों पर व्यवस्था प्रभारियों ने अपने अपने विभाग के कार्यों की जानकारी दी समीक्षा की गई और जिन जिन व्यवस्थाओं में कमी हे उनको अति शीघ्र 12 जनवरी तक पूर्ण करने का निर्णय लिया गया। गोष्ठी का संचालन सुरेश श्रीवास्तव ने किया। इस अवसर पर, आरएसएस के मैथिली जी,सीएल चोरासे, शिवनारायण राजपूत ,अमर धाकड़ ,कृष्णा कड़वेकर हरीश कैथूनिया,श्रीमती मधु श्रीवास्तव, राजश्री चोरिया राखी राजपूत मंडीदीप में आयोजित होने वाले 108 कुंडीय गायत्री महायज्ञ की तैयारियां अंतिम चरण में हैं। शुक्रवार को यहां गुरुदेव पंडित श्रीराम शर्मा आचार्य के साहित्य का स्टॉल शुरू किया गया। उल्लेखनीय है कि अखिल विश्व गायत्री परिवार शांतिकुंज हरिद्वार के मार्गदर्शन में 13 से 16 जनवरी तक महायज्ञ का आयोजन किया जाएगा। इस मौके पर वरिष्ठ सदस्य महाकालेश्वर श्रीवास्तव, रमेश अभिलाषी और आरपी हजारी मौजूद रहे। रायसेन जिले की जिला समन्वयक बबली धाकड़ के मार्गदर्शन में संचालित होने वाले इस साहित्य स्टॉल के साथ ही यज्ञ की अन्य तैयारियों की समीक्षा भी की गई। यज्ञशाला, कलश यात्रा, सप्त क्रांति प्रदर्शनी, शौचालय और भोजनालय जैसी व्यवस्थाओं के प्रभारियों ने अपनी प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की। बैठक में तय किया गया कि सभी बची हुई व्यवस्थाएं 12 जनवरी तक पूरी कर ली जाएंगी। सुरेश श्रीवास्तव द्वारा संचालित इस महत्वपूर्ण बैठक में आरएसएस के मैथिली, सीएल चौरासे, शिवनारायण राजपूत, अमर धाकड़, कृष्णा कड़वेकर, हरीश कैथूनिया, मधु श्रीवास्तव, राजश्री चोरिया और राखी राजपूत सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

108 कुंडीय यज्ञ स्थल पर साहित्य स्टॉल का शुभारंभ:मंडीदीप में 13 से 16 जनवरी तक आयोजित होगा गायत्री महायज्ञ
अखिल विश्व गायत्री परिवार शांतिकुंज हरिद्वार के मार्गदर्शन में होने जा रहे , 108 कुंडी गायत्री महायज्ञ मंडीदीप 13 से 16 जनवरी की तैयारी पूर्णता की ओर आज यज्ञ स्थल पर गुरुदेव पंडित श्रीराम शर्मा आचार्य जी द्वारा लिखित साहित्य का स्टॉल का शुभारंभ गायत्री परिवार के वरिष्ठ महाकालेश्वर श्रीवास्तव रमेश अभिलाषी जी और आरपी हजारी की उपस्थिति में हुआ। यह साहित्य स्टार रायसेन जिले के परिजनों द्वारा रायसेन जिले की जिला समन्वयक बबली धाकड़ के मार्गदर्शन में संचालित होगा। आज यज्ञ स्थल पर सभी सक्रिय परिजनों और व्यवस्था संबंधित समितियां के वरिष्ठ कार्यकर्ताओं की गोष्टी यज्ञ स्थल पर संपन्न हुई जिसमें पूरे यज्ञशाला, कलश यात्रा, साहित्य पंडाल सप्त क्रांति प्रदर्शनी शौचालय भोजनालय आदि विषयों पर व्यवस्था प्रभारियों ने अपने अपने विभाग के कार्यों की जानकारी दी समीक्षा की गई और जिन जिन व्यवस्थाओं में कमी हे उनको अति शीघ्र 12 जनवरी तक पूर्ण करने का निर्णय लिया गया। गोष्ठी का संचालन सुरेश श्रीवास्तव ने किया। इस अवसर पर, आरएसएस के मैथिली जी,सीएल चोरासे, शिवनारायण राजपूत ,अमर धाकड़ ,कृष्णा कड़वेकर हरीश कैथूनिया,श्रीमती मधु श्रीवास्तव, राजश्री चोरिया राखी राजपूत मंडीदीप में आयोजित होने वाले 108 कुंडीय गायत्री महायज्ञ की तैयारियां अंतिम चरण में हैं। शुक्रवार को यहां गुरुदेव पंडित श्रीराम शर्मा आचार्य के साहित्य का स्टॉल शुरू किया गया। उल्लेखनीय है कि अखिल विश्व गायत्री परिवार शांतिकुंज हरिद्वार के मार्गदर्शन में 13 से 16 जनवरी तक महायज्ञ का आयोजन किया जाएगा। इस मौके पर वरिष्ठ सदस्य महाकालेश्वर श्रीवास्तव, रमेश अभिलाषी और आरपी हजारी मौजूद रहे। रायसेन जिले की जिला समन्वयक बबली धाकड़ के मार्गदर्शन में संचालित होने वाले इस साहित्य स्टॉल के साथ ही यज्ञ की अन्य तैयारियों की समीक्षा भी की गई। यज्ञशाला, कलश यात्रा, सप्त क्रांति प्रदर्शनी, शौचालय और भोजनालय जैसी व्यवस्थाओं के प्रभारियों ने अपनी प्रगति रिपोर्ट प्रस्तुत की। बैठक में तय किया गया कि सभी बची हुई व्यवस्थाएं 12 जनवरी तक पूरी कर ली जाएंगी। सुरेश श्रीवास्तव द्वारा संचालित इस महत्वपूर्ण बैठक में आरएसएस के मैथिली, सीएल चौरासे, शिवनारायण राजपूत, अमर धाकड़, कृष्णा कड़वेकर, हरीश कैथूनिया, मधु श्रीवास्तव, राजश्री चोरिया और राखी राजपूत सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे।