9वें अंतर्राष्ट्रीय बौद्ध महोत्सव का पैम्फलेट विमोचन:9वें अंतर्राष्ट्रीय बौद्ध महोत्सव के प्रसार प्रचार के लिए पैम्फलेट विमोचन
9वें अंतर्राष्ट्रीय बौद्ध महोत्सव का पैम्फलेट विमोचन:9वें अंतर्राष्ट्रीय बौद्ध महोत्सव के प्रसार प्रचार के लिए पैम्फलेट विमोचन
बुद्धभूमि महाविहार मॉनेस्ट्री, चूनाभट्टी कोलार रोड भोपाल में ‘9वें अंतर्राष्ट्रीय बौद्ध महोत्सव’ की तैयारियों को लेकर रविवार, 5जनवरी को महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ भंते शाक्यपुत्र सागर थेरो (मुख्य संयोजक) और किशन सूर्यवंशी (अध्यक्ष, नगर निगम भोपाल) के द्वारा भगवान बुद्ध और डॉ. अम्बेडकर की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर दीप प्रज्वलित करके किया गया। इस दौरान कार्यक्रम के प्रचार-प्रसार के लिए पैम्फलेट का विमोचन भी किया गया। बुद्ध के विचारों और आदर्शों को हर वर्ग तक पहुंचाने का माध्यम है महोत्सव-सूर्यवंशी इस अवसर पर भंते शाक्यपुत्र सागर थेरो ने उपस्थित सभी उपासक/उपासिकाओं को त्रिशरण पंचशील प्रदान किया। किशन सूर्यवंशी ने ‘9वें अंतर्राष्ट्रीय बौद्ध महोत्सव’ के प्रचार-प्रसार के लिए आधिकारिक पैम्फलेट का विमोचन किया। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि यह महोत्सव केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि भगवान बुद्ध के महान विचारों और आदर्शों को समाज के हर वर्ग तक पहुंचाने का एक सशक्त माध्यम है। उन्होंने इस महोत्सव को शांति, करुणा, अहिंसा, मैत्री और सत्य के मूल्यों को वैश्विक स्तर पर प्रचारित करने का एक महत्वपूर्ण अवसर बताया। साथ ही उन्होंने समाज के सभी वर्गों से इस महोत्सव को सफल बनाने में सहयोग करने की अपील की। शांति,करूणा और मैत्री के संदेश को जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प
इस अवसर पर आशीर्वचन देते हुए भंते शाक्यपुत्र सागर थेरो (मुख्य संयोजक) ने कार्यक्रम का उद्देश्य बताते हुए कहा कि इस कार्यक्रम के माध्यम से भगवान बुद्ध के सिद्धांतों को समाज के सभी वर्गों तक पहुँचाना, इसे वैश्विक स्तर पर बौद्ध महोत्सव की पहचान को मजबूत करना और शांति, करुणा और मैत्री के संदेश को जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प दिलाना है।
बैठक में बुद्धभूमि महाविहार उपासक संघ एवं मैत्रीय बुद्ध महाविहार उपासिका संघ के पदाधिकारियों ने महोत्सव की तैयारियों और उद्देश्यों पर विचार-विमर्श किया। इस महोत्सव में थाईलैंड, श्रीलंका, वियतनाम, म्यांमार, लाओस, और कंबोडिया सहित कई देशों के बौद्ध धर्मगुरु भाग लेंगे। इस अवसर पर चंद्रप्रकाश गोलाइत, वंदना मुलताईकर, रामप्रसाद सिलोरिया, सुनीता शेजवाल, सुशीला गजभिये, रवींद्र बांगरे, धनंजय जाँभूलकर, संदीप वकोड़े, पी जे पूसे, बी डी अहिरवार, डॉ विक्रम चौधरी, सोनू बरसाकर सहित बड़ी संख्या में उपासक/ उपासिका मौजूद रहे।
कार्यक्रम के अंत में भंते राहुलपुत्र ने सभी अतिथियों, उपासकों, उपासिकाओं और आयोजकों का आभार व्यक्त किया।
बुद्धभूमि महाविहार मॉनेस्ट्री, चूनाभट्टी कोलार रोड भोपाल में ‘9वें अंतर्राष्ट्रीय बौद्ध महोत्सव’ की तैयारियों को लेकर रविवार, 5जनवरी को महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया।
कार्यक्रम का शुभारंभ भंते शाक्यपुत्र सागर थेरो (मुख्य संयोजक) और किशन सूर्यवंशी (अध्यक्ष, नगर निगम भोपाल) के द्वारा भगवान बुद्ध और डॉ. अम्बेडकर की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर दीप प्रज्वलित करके किया गया। इस दौरान कार्यक्रम के प्रचार-प्रसार के लिए पैम्फलेट का विमोचन भी किया गया। बुद्ध के विचारों और आदर्शों को हर वर्ग तक पहुंचाने का माध्यम है महोत्सव-सूर्यवंशी इस अवसर पर भंते शाक्यपुत्र सागर थेरो ने उपस्थित सभी उपासक/उपासिकाओं को त्रिशरण पंचशील प्रदान किया। किशन सूर्यवंशी ने ‘9वें अंतर्राष्ट्रीय बौद्ध महोत्सव’ के प्रचार-प्रसार के लिए आधिकारिक पैम्फलेट का विमोचन किया। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि यह महोत्सव केवल एक कार्यक्रम नहीं, बल्कि भगवान बुद्ध के महान विचारों और आदर्शों को समाज के हर वर्ग तक पहुंचाने का एक सशक्त माध्यम है। उन्होंने इस महोत्सव को शांति, करुणा, अहिंसा, मैत्री और सत्य के मूल्यों को वैश्विक स्तर पर प्रचारित करने का एक महत्वपूर्ण अवसर बताया। साथ ही उन्होंने समाज के सभी वर्गों से इस महोत्सव को सफल बनाने में सहयोग करने की अपील की। शांति,करूणा और मैत्री के संदेश को जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प
इस अवसर पर आशीर्वचन देते हुए भंते शाक्यपुत्र सागर थेरो (मुख्य संयोजक) ने कार्यक्रम का उद्देश्य बताते हुए कहा कि इस कार्यक्रम के माध्यम से भगवान बुद्ध के सिद्धांतों को समाज के सभी वर्गों तक पहुँचाना, इसे वैश्विक स्तर पर बौद्ध महोत्सव की पहचान को मजबूत करना और शांति, करुणा और मैत्री के संदेश को जन-जन तक पहुंचाने का संकल्प दिलाना है।
बैठक में बुद्धभूमि महाविहार उपासक संघ एवं मैत्रीय बुद्ध महाविहार उपासिका संघ के पदाधिकारियों ने महोत्सव की तैयारियों और उद्देश्यों पर विचार-विमर्श किया। इस महोत्सव में थाईलैंड, श्रीलंका, वियतनाम, म्यांमार, लाओस, और कंबोडिया सहित कई देशों के बौद्ध धर्मगुरु भाग लेंगे। इस अवसर पर चंद्रप्रकाश गोलाइत, वंदना मुलताईकर, रामप्रसाद सिलोरिया, सुनीता शेजवाल, सुशीला गजभिये, रवींद्र बांगरे, धनंजय जाँभूलकर, संदीप वकोड़े, पी जे पूसे, बी डी अहिरवार, डॉ विक्रम चौधरी, सोनू बरसाकर सहित बड़ी संख्या में उपासक/ उपासिका मौजूद रहे।
कार्यक्रम के अंत में भंते राहुलपुत्र ने सभी अतिथियों, उपासकों, उपासिकाओं और आयोजकों का आभार व्यक्त किया।