पीलीभीत में 1.75 करोड़ के मादक पदार्थ नष्ट:126 मामलों में जब्त किए गए थे 172 किलो ड्रग्स, कोर्ट के आदेश पर कार्रवाई
पीलीभीत में 1.75 करोड़ के मादक पदार्थ नष्ट:126 मामलों में जब्त किए गए थे 172 किलो ड्रग्स, कोर्ट के आदेश पर कार्रवाई
पीलीभीत पुलिस ने मंगलवार को एक बड़ी कार्रवाई में करोड़ों रुपये के मादक पदार्थों का निस्तारण किया। पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में जिला स्तरीय ड्रग डिस्पोजल कमेटी (डीडीसी) ने यह कार्रवाई की। इस दौरान जिले के 16 थानों में दर्ज 126 मामलों से जुड़े कुल 172.207 किलोग्राम मादक पदार्थों को नष्ट किया गया, जिनकी कीमत लगभग 1.75 करोड़ रुपये आंकी गई है। नष्ट किए गए मादक पदार्थों में अवैध चरस, डोडा, हेरोइन/स्मैक और ब्राउन शुगर शामिल थे। यह कार्रवाई अपर पुलिस अधीक्षक विक्रम दहिया के पर्यवेक्षण और क्षेत्राधिकारी नगर दीपक चतुर्वेदी के नेतृत्व में की गई। सभी मादक पदार्थों का निस्तारण बरेली के सीबी गंज थाना क्षेत्र में स्थित एनविराड मेडिकेयर प्राइवेट लिमिटेड, परसाखेड़ा के इंसिनेटर में किया गया। यह कार्रवाई न्यायालय के आदेश के अनुपालन में गठित जिला स्तरीय ड्रग डिस्पोजल कमेटी द्वारा की गई। कमेटी मादक पदार्थों, स्वापक औषधियों, मनःप्रभावी पदार्थों और नियंत्रित पदार्थों के निस्तारण की जिम्मेदारी संभालती है। इस पूरी कार्रवाई में जनपदीय डीसीआरबी शाखा का भी सहयोग रहा।
पीलीभीत पुलिस ने मंगलवार को एक बड़ी कार्रवाई में करोड़ों रुपये के मादक पदार्थों का निस्तारण किया। पुलिस अधीक्षक के निर्देशन में जिला स्तरीय ड्रग डिस्पोजल कमेटी (डीडीसी) ने यह कार्रवाई की। इस दौरान जिले के 16 थानों में दर्ज 126 मामलों से जुड़े कुल 172.207 किलोग्राम मादक पदार्थों को नष्ट किया गया, जिनकी कीमत लगभग 1.75 करोड़ रुपये आंकी गई है। नष्ट किए गए मादक पदार्थों में अवैध चरस, डोडा, हेरोइन/स्मैक और ब्राउन शुगर शामिल थे। यह कार्रवाई अपर पुलिस अधीक्षक विक्रम दहिया के पर्यवेक्षण और क्षेत्राधिकारी नगर दीपक चतुर्वेदी के नेतृत्व में की गई। सभी मादक पदार्थों का निस्तारण बरेली के सीबी गंज थाना क्षेत्र में स्थित एनविराड मेडिकेयर प्राइवेट लिमिटेड, परसाखेड़ा के इंसिनेटर में किया गया। यह कार्रवाई न्यायालय के आदेश के अनुपालन में गठित जिला स्तरीय ड्रग डिस्पोजल कमेटी द्वारा की गई। कमेटी मादक पदार्थों, स्वापक औषधियों, मनःप्रभावी पदार्थों और नियंत्रित पदार्थों के निस्तारण की जिम्मेदारी संभालती है। इस पूरी कार्रवाई में जनपदीय डीसीआरबी शाखा का भी सहयोग रहा।