पत्रकार मयूर तलवार फरार, करीबियों पर भी कसेगा शिकंजा:पत्रकार से लेकर पुलिसकर्मियों तक की हो रही जांच, विधवा से 5 करोड़ रंगदारी मांगने का मामला
पत्रकार मयूर तलवार फरार, करीबियों पर भी कसेगा शिकंजा:पत्रकार से लेकर पुलिसकर्मियों तक की हो रही जांच, विधवा से 5 करोड़ रंगदारी मांगने का मामला
पत्रकार मयूर तलवार के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज होते ही वो फरार हो गया है। कल तक जिन पुलिस वालों के बल पर वो लोगों को ब्लैकमेल करता था अब उनकी भी जांच शुरू हो गई है। मयूर तलवार के करीबियों पर भी पुलिस शिकंजा कसेगी। मयूर के करीबी पत्रकार, रिश्तेदार और पुलिसकर्मियों पर भी शिकंजा कसा जाएगा। उसकी प्रॉपर्टी की भी जांच करवाई जाएगी। दरअसल पत्रकार पत्रकार मयूर तलवार ने पत्रकारिता की आड़ में जमकर लाइनिंग की। उसके पुलिस प्रशासन के बड़े अधिकारियों से अच्छे संबंध थे। जिनके बल पर उसने काफी रुपया कमाया। उसने हरुनगला में एक विधवा की जमीन पर कब्जा किया। विधवा शशि और उसकी बुजुर्ग सांस के खिलाफ झूठा मुकदमा दर्ज करवाया। पुलिस वालों से मिलकर बुजुर्ग महिला को गिरफ्तार करवाकर जेल भिजवाया। विधवा के साथ मारपीट, छेड़खानी और लूटपाट की और गर्दन दबाकर जान से मारने की कोशिश की। उसकी करोड़ो की प्रॉपर्टी पर कब्जा कर लिया। विधवा ने पत्रकार के भय से छोड़ा जिला, पुलिस ने आधी रात महिला के घर दी दबिश विधवा शशि ने पत्रकार के भय से बरेली जिला ही छोड़ दिया। शशि बरेली से 100 किलोमीटर दूर जाकर शाहजहांपुर के बंडा जाकर रही तो उसने वहां भी उन्हें परेशान किया। उनके खिलाफ झूठा मुकदमा दर्ज करवाकर आधी रात प्राइवेट गाड़ी से पुलिस भेज दी। पुलिस आधी रात में महिला के घर पहुंची। जमकर तांडव किया। पूरे घर की तलाशी ली। महिला ने छुपकर पुलिस वालों से अपनी जान बचाई। पुलिस ने इस तरह से आधी रात को दबिश दी मानो वो विधवा महिला कोई कुख्यात अपराधी हो। आधी रात में एक महिला को गिरफ्तार करने के लिए कई पुलिसकर्मी पहुंचे। बड़ी बात ये कि उसमें कोई महिला पुलिसकर्मी शामिल नहीं थी। वही पुलिसकर्मियों की ये करतूत सीसीटीवी में कैद हो गई। मयूर तलवार युवतियों के साथ मिलकर चलाता है गैंग मयूर तलवार कई युवतियों के साथ मिलकर गैंग चला रहा था। जिसका काम लोगों पर छेड़खानी और रेप का झूठा मुकदमा दर्ज करवाकर उससे ब्लैकमेलिंग करना था। पुलिस ने मयूर तलवार सहित उसकी महिला मित्रो के खिलाफ भी मुकदमा लिखा है। जिसके बाद से पूरा गैंग फरार है। सभी के मोबाइल भी बंद है। पुलिस आरोपियों की तलाश कर रही है। शशि के पति की कोरोना से हुई थी मौत शशि के पति की कोरोना से मौत हो गई थी। जिसके बाद उनके घर पर कोई पुरुष नहीं है। इसी का फायदा उठाकर मयूर तलवार ने पहले उसके घर पर कब्जा किया फिर महिला को भी घर से निकाल दिया। पति की मौत के सदमे से शशि उबर नहीं पाई थी कि उनके ऊपर मयूर तलवार ने जुर्म ढाना शुरू कर दिया। अधिकारियों और नेताओं में है अच्छी पैठ मयूर तलवार ने बहुत कम समय में अधिकारियों में अच्छी पैठ बना ली थी। उनके साथ फोटो खिंचवाकर वो सोशल मीडिया पर शेयर करता था जिसके बल पर वो लोगों को डराता धमकाता था। मयूर कुछ अधिकारियों का ज्यादा ही खास था जिस वजह से उसकी एंट्री उनके ऑफिस से लेकर घर तक थी। यही वजह थी शशि जब भी अधिकारियों के पास अपनी शिकायत लेकर जाती थी तो उनकी सुनवाई नहीं होती थी। बल्कि पुलिस उन्हें ही परेशान करती थी। सोशल मीडिया पर मयूर के अधिकारियों के साथ खूब फोटो वायरल हो रहे है। जाने पूरा मामला बरेली के बारादरी थाने में मयूर तलवार समेत 5 लोगों के खिलाफ रंगदारी, लूट, दंगा कराने जैसी गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। आरोप है कि मयूर तलवार एक गिरोह चलाता है, जिसमें महिलाएं भी शामिल है। एसपी सिटी मानुष पारीक के आदेश पर मुकदमा दर्ज किया गया है। विधवा के मकान पर कब्जा किया, झूठा मुकदमा भी दर्ज करवाया बारादरी थाना क्षेत्र के हरुनगला में रहने वाली शशि नामक महिला ने एसपी सिटी मानुष पारीक से शिकायत की कि उनके ससुर बाबूराम, देवर सुनील और पति देवेंद्र सिंह का पिछले डेढ़ साल में आकस्मिक निधन हो गया। अब वह अपनी विधवा सास कलावती के साथ हरुनगला में रहती हैं और अपने पति के द्वारा स्थापित मेडिकल स्टोर का संचालन करती हैं। हरुनगला वाले मकान की रजिस्ट्री मेरे नाम पर है। लेकिन उस मकान पर पत्रकार मयूर तलवार ने कब्जा कर लिया और मेरे ऊपर ही झूठा मुकदमा दर्ज करवा दिया। झूठे मुकदमे दर्ज करवाकर किया ब्लैकमेल, वसूले लाखों शशि ने आरोप लगाया कि उनके परिवार में किसी पुरुष सदस्य के न रहने पर उनकी ननद अनीता ने उनके मकान पर कब्जा करने की योजना बनाई। अनीता की बेटी रोली और बेटा आकाश अनैतिक कार्यों में लिप्त हैं। रोली का एक दोस्त मयूर तलवार भी उनके साथ रहता है। शशि के अनुसार, ये सभी मिलकर एक गिरोह चलाते हैं, जो लोगों पर बलात्कार और छेड़छाड़ जैसे झूठे मुकदमे दर्ज कराकर उन्हें ब्लैकमेल करते हैं और उनसे मोटी रकम ऐंठते हैं। मयूर तलवार ने शशि से भी लाखों रुपए की ठगी की है। मकान पर कब्जे का प्रयास और जान से मारने की धमकी शशि ने बताया कि जब वह कुछ दिन पहले हरुनगला स्थित अपने मकान पर पहुंचीं, तो वहां के सभी कमरों के ताले टूटे हुए थे और कीमती सामान चोरी हो गया था। कुछ ही देर बाद अनीता, उनकी बेटी रोली, बेटा आकाश, मयूर और एकता नाम की महिला वहां पहुंचे और कमरों के ताले तोड़ने की जिम्मेदारी लेते हुए शशि का गला दबाकर उनकी हत्या करने का प्रयास किया। इस दौरान उन्होंने शशि की सोने की चेन भी छीन ली। उन्होंने शशि को धमकी दी कि वे मकान पर कब्जा कर लेंगे, वरना उन्हें 5 करोड़ रुपए की रंगदारी देनी होगी। उन्होंने यह भी धमकी दी कि अगर वह मकान पर वापस आईं, तो उन्हें और उनके दोनों बेटों को जान से मार दिया जाएगा। आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की धारा 191, 329 (3), 134, 74, 309(4), 331(4), 305, 308(2), 351(2), 351(3) के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। एसपी सिटी मानुष पारीक ने बताया कि शशि की शिकायत के आधार पर बारादरी थाने में अनीता, रोली, आकाश, मयूर और एकता के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की तैयारी कर रही है।
पत्रकार मयूर तलवार के खिलाफ गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज होते ही वो फरार हो गया है। कल तक जिन पुलिस वालों के बल पर वो लोगों को ब्लैकमेल करता था अब उनकी भी जांच शुरू हो गई है। मयूर तलवार के करीबियों पर भी पुलिस शिकंजा कसेगी। मयूर के करीबी पत्रकार, रिश्तेदार और पुलिसकर्मियों पर भी शिकंजा कसा जाएगा। उसकी प्रॉपर्टी की भी जांच करवाई जाएगी। दरअसल पत्रकार पत्रकार मयूर तलवार ने पत्रकारिता की आड़ में जमकर लाइनिंग की। उसके पुलिस प्रशासन के बड़े अधिकारियों से अच्छे संबंध थे। जिनके बल पर उसने काफी रुपया कमाया। उसने हरुनगला में एक विधवा की जमीन पर कब्जा किया। विधवा शशि और उसकी बुजुर्ग सांस के खिलाफ झूठा मुकदमा दर्ज करवाया। पुलिस वालों से मिलकर बुजुर्ग महिला को गिरफ्तार करवाकर जेल भिजवाया। विधवा के साथ मारपीट, छेड़खानी और लूटपाट की और गर्दन दबाकर जान से मारने की कोशिश की। उसकी करोड़ो की प्रॉपर्टी पर कब्जा कर लिया। विधवा ने पत्रकार के भय से छोड़ा जिला, पुलिस ने आधी रात महिला के घर दी दबिश विधवा शशि ने पत्रकार के भय से बरेली जिला ही छोड़ दिया। शशि बरेली से 100 किलोमीटर दूर जाकर शाहजहांपुर के बंडा जाकर रही तो उसने वहां भी उन्हें परेशान किया। उनके खिलाफ झूठा मुकदमा दर्ज करवाकर आधी रात प्राइवेट गाड़ी से पुलिस भेज दी। पुलिस आधी रात में महिला के घर पहुंची। जमकर तांडव किया। पूरे घर की तलाशी ली। महिला ने छुपकर पुलिस वालों से अपनी जान बचाई। पुलिस ने इस तरह से आधी रात को दबिश दी मानो वो विधवा महिला कोई कुख्यात अपराधी हो। आधी रात में एक महिला को गिरफ्तार करने के लिए कई पुलिसकर्मी पहुंचे। बड़ी बात ये कि उसमें कोई महिला पुलिसकर्मी शामिल नहीं थी। वही पुलिसकर्मियों की ये करतूत सीसीटीवी में कैद हो गई। मयूर तलवार युवतियों के साथ मिलकर चलाता है गैंग मयूर तलवार कई युवतियों के साथ मिलकर गैंग चला रहा था। जिसका काम लोगों पर छेड़खानी और रेप का झूठा मुकदमा दर्ज करवाकर उससे ब्लैकमेलिंग करना था। पुलिस ने मयूर तलवार सहित उसकी महिला मित्रो के खिलाफ भी मुकदमा लिखा है। जिसके बाद से पूरा गैंग फरार है। सभी के मोबाइल भी बंद है। पुलिस आरोपियों की तलाश कर रही है। शशि के पति की कोरोना से हुई थी मौत शशि के पति की कोरोना से मौत हो गई थी। जिसके बाद उनके घर पर कोई पुरुष नहीं है। इसी का फायदा उठाकर मयूर तलवार ने पहले उसके घर पर कब्जा किया फिर महिला को भी घर से निकाल दिया। पति की मौत के सदमे से शशि उबर नहीं पाई थी कि उनके ऊपर मयूर तलवार ने जुर्म ढाना शुरू कर दिया। अधिकारियों और नेताओं में है अच्छी पैठ मयूर तलवार ने बहुत कम समय में अधिकारियों में अच्छी पैठ बना ली थी। उनके साथ फोटो खिंचवाकर वो सोशल मीडिया पर शेयर करता था जिसके बल पर वो लोगों को डराता धमकाता था। मयूर कुछ अधिकारियों का ज्यादा ही खास था जिस वजह से उसकी एंट्री उनके ऑफिस से लेकर घर तक थी। यही वजह थी शशि जब भी अधिकारियों के पास अपनी शिकायत लेकर जाती थी तो उनकी सुनवाई नहीं होती थी। बल्कि पुलिस उन्हें ही परेशान करती थी। सोशल मीडिया पर मयूर के अधिकारियों के साथ खूब फोटो वायरल हो रहे है। जाने पूरा मामला बरेली के बारादरी थाने में मयूर तलवार समेत 5 लोगों के खिलाफ रंगदारी, लूट, दंगा कराने जैसी गंभीर धाराओं में मुकदमा दर्ज किया गया है। आरोप है कि मयूर तलवार एक गिरोह चलाता है, जिसमें महिलाएं भी शामिल है। एसपी सिटी मानुष पारीक के आदेश पर मुकदमा दर्ज किया गया है। विधवा के मकान पर कब्जा किया, झूठा मुकदमा भी दर्ज करवाया बारादरी थाना क्षेत्र के हरुनगला में रहने वाली शशि नामक महिला ने एसपी सिटी मानुष पारीक से शिकायत की कि उनके ससुर बाबूराम, देवर सुनील और पति देवेंद्र सिंह का पिछले डेढ़ साल में आकस्मिक निधन हो गया। अब वह अपनी विधवा सास कलावती के साथ हरुनगला में रहती हैं और अपने पति के द्वारा स्थापित मेडिकल स्टोर का संचालन करती हैं। हरुनगला वाले मकान की रजिस्ट्री मेरे नाम पर है। लेकिन उस मकान पर पत्रकार मयूर तलवार ने कब्जा कर लिया और मेरे ऊपर ही झूठा मुकदमा दर्ज करवा दिया। झूठे मुकदमे दर्ज करवाकर किया ब्लैकमेल, वसूले लाखों शशि ने आरोप लगाया कि उनके परिवार में किसी पुरुष सदस्य के न रहने पर उनकी ननद अनीता ने उनके मकान पर कब्जा करने की योजना बनाई। अनीता की बेटी रोली और बेटा आकाश अनैतिक कार्यों में लिप्त हैं। रोली का एक दोस्त मयूर तलवार भी उनके साथ रहता है। शशि के अनुसार, ये सभी मिलकर एक गिरोह चलाते हैं, जो लोगों पर बलात्कार और छेड़छाड़ जैसे झूठे मुकदमे दर्ज कराकर उन्हें ब्लैकमेल करते हैं और उनसे मोटी रकम ऐंठते हैं। मयूर तलवार ने शशि से भी लाखों रुपए की ठगी की है। मकान पर कब्जे का प्रयास और जान से मारने की धमकी शशि ने बताया कि जब वह कुछ दिन पहले हरुनगला स्थित अपने मकान पर पहुंचीं, तो वहां के सभी कमरों के ताले टूटे हुए थे और कीमती सामान चोरी हो गया था। कुछ ही देर बाद अनीता, उनकी बेटी रोली, बेटा आकाश, मयूर और एकता नाम की महिला वहां पहुंचे और कमरों के ताले तोड़ने की जिम्मेदारी लेते हुए शशि का गला दबाकर उनकी हत्या करने का प्रयास किया। इस दौरान उन्होंने शशि की सोने की चेन भी छीन ली। उन्होंने शशि को धमकी दी कि वे मकान पर कब्जा कर लेंगे, वरना उन्हें 5 करोड़ रुपए की रंगदारी देनी होगी। उन्होंने यह भी धमकी दी कि अगर वह मकान पर वापस आईं, तो उन्हें और उनके दोनों बेटों को जान से मार दिया जाएगा। आरोपियों के खिलाफ बीएनएस की धारा 191, 329 (3), 134, 74, 309(4), 331(4), 305, 308(2), 351(2), 351(3) के तहत मुकदमा दर्ज किया गया है। एसपी सिटी मानुष पारीक ने बताया कि शशि की शिकायत के आधार पर बारादरी थाने में अनीता, रोली, आकाश, मयूर और एकता के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज की गई है। पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की तैयारी कर रही है।