सस्ता जीरा देख हुआ शक, जांच में निकला मिलावटी:गोरखपुर में खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने की कार्रवाई; 6 क्विंटल जीरा सीज
सस्ता जीरा देख हुआ शक, जांच में निकला मिलावटी:गोरखपुर में खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने की कार्रवाई; 6 क्विंटल जीरा सीज
गोरखपुर में खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने मिलावटी जीरा पकड़ा है। होली के मद्देनजर जांच करने निकली खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने साहबगंज में एक पिकप को रोका। उसपर जीरा लदा था। जब जीरे की कीमत देखी गई तो काफी कम थी। यह देखकर शक हुआ और उसकी जांच की गई। सहायक आयुक्त खाद्य डा. सुधीर कुमार सिंह ने एक बोरे से जीरा निकालकर पानी में डाला तो पानी मटमैला हो गया। लकड़ी के छोटे-छोटे टुकड़े ऊपर तैरने लगे। टीम ने जीरे का सैंपल ले लिया।
बुधवार की रात खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने एक पिकप को रोककर उसपर लदा जीरा देखा। उसकी कीमत 150 रुपये किलो थी। जबकि आमतौर पर जीरा की कीमत 400 रुपये प्रति किलो के आसपास है। कम कीमत देखकर शक हुआ तो टीम ने उसकी जांच कराई। जांच में मिलावट मिली। टीम ने 6 क्विंटल जीरा सीज कर दिया।
दिल्ली के बालाजी ट्रेडिंग कंपनी के नाम से भेजा गया था जीरा
पकड़ा गया जीरा दिल्ली के बालाजी ट्रेडिंग कंपनी के नाम से भेजा गया था। इसे साहबगंज मंडी स्थित माहेश्वरी किराना ले जाया जा रहा था। कई बार बुलाने के बाद भी माहेश्वरी किराना से कोई नहीं पहुंचा। प्रथम दृष्टया बावर्ची कंपनी की नकली पैकिंग मिली है। दिल्ली की कंपनी को पक्षकार बनाकर वाद दाखिल करने की तैयारी है। इस मामले में माहेश्वरी किराना को पार्टी बनाया जाएगा।
बादाम का आकार छोटा मिला
पिकअप पर बादाम भी लदा था। एंब्रोसिया कंपनी के नाम से इसकी पैकिंग थी। लेकिन बादाम का आकार छोटा मिला। इस कंपनी की ओरिजिनल पैकिंग पर सूचना अंकित होती है। यह बादाम वर्मा किराना साहबगंज भेजा जा रहा था। दो पैकेट बादाम जब्त कर शेष किराना स्टोर को सौंप दिया गया।
लाल रंग व एक्सपायर मसाला डाल बना रहे थे मटन
खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने कूड़ाघाट के पास अदालत रेस्टोरेंट की जांच की। यहां मटन में लाल रंग डाला जा रहा था। इसके साथ ही एक्सपायर मसाला भी डाला जा रहा था। टीम को यहां खराब पनीर भी मिली है। 4 नमूने लेकर जांच के लिए भेज दिया गया है।
गोरखपुर में खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने मिलावटी जीरा पकड़ा है। होली के मद्देनजर जांच करने निकली खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने साहबगंज में एक पिकप को रोका। उसपर जीरा लदा था। जब जीरे की कीमत देखी गई तो काफी कम थी। यह देखकर शक हुआ और उसकी जांच की गई। सहायक आयुक्त खाद्य डा. सुधीर कुमार सिंह ने एक बोरे से जीरा निकालकर पानी में डाला तो पानी मटमैला हो गया। लकड़ी के छोटे-छोटे टुकड़े ऊपर तैरने लगे। टीम ने जीरे का सैंपल ले लिया।
बुधवार की रात खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने एक पिकप को रोककर उसपर लदा जीरा देखा। उसकी कीमत 150 रुपये किलो थी। जबकि आमतौर पर जीरा की कीमत 400 रुपये प्रति किलो के आसपास है। कम कीमत देखकर शक हुआ तो टीम ने उसकी जांच कराई। जांच में मिलावट मिली। टीम ने 6 क्विंटल जीरा सीज कर दिया।
दिल्ली के बालाजी ट्रेडिंग कंपनी के नाम से भेजा गया था जीरा
पकड़ा गया जीरा दिल्ली के बालाजी ट्रेडिंग कंपनी के नाम से भेजा गया था। इसे साहबगंज मंडी स्थित माहेश्वरी किराना ले जाया जा रहा था। कई बार बुलाने के बाद भी माहेश्वरी किराना से कोई नहीं पहुंचा। प्रथम दृष्टया बावर्ची कंपनी की नकली पैकिंग मिली है। दिल्ली की कंपनी को पक्षकार बनाकर वाद दाखिल करने की तैयारी है। इस मामले में माहेश्वरी किराना को पार्टी बनाया जाएगा।
बादाम का आकार छोटा मिला
पिकअप पर बादाम भी लदा था। एंब्रोसिया कंपनी के नाम से इसकी पैकिंग थी। लेकिन बादाम का आकार छोटा मिला। इस कंपनी की ओरिजिनल पैकिंग पर सूचना अंकित होती है। यह बादाम वर्मा किराना साहबगंज भेजा जा रहा था। दो पैकेट बादाम जब्त कर शेष किराना स्टोर को सौंप दिया गया।
लाल रंग व एक्सपायर मसाला डाल बना रहे थे मटन
खाद्य सुरक्षा विभाग की टीम ने कूड़ाघाट के पास अदालत रेस्टोरेंट की जांच की। यहां मटन में लाल रंग डाला जा रहा था। इसके साथ ही एक्सपायर मसाला भी डाला जा रहा था। टीम को यहां खराब पनीर भी मिली है। 4 नमूने लेकर जांच के लिए भेज दिया गया है।