ग्रामीणों का हंगामा, एंबुलेंस और 112 वाहन क्षतिग्रस्त

ग्रामीणों का हंगामा, एंबुलेंस और 112 वाहन क्षतिग्रस्त

ग्रामीणों का हंगामा, एंबुलेंस और 112 वाहन क्षतिग्रस्त

धमतरी। छत्तीसगढ़ के धमतरी जिले में सड़क हादसे के बाद हालात बेकाबू हो गए। उमर्दा गांव में हुए इस हादसे में एक युवक की मौत के बाद ग्रामीणों का गुस्सा फूट पड़ा और मौके पर जमकर हंगामा हुआ। आक्रोशित भीड़ ने न सिर्फ 112 वाहन और निजी एंबुलेंस में तोड़फोड़ की, बल्कि हाथापाई की घटना भी सामने आई। इस दौरान एंबुलेंस चालक और एक पुलिस सब-इंस्पेक्टर के घायल होने की सूचना है। घटना Dhamtari के उमर्दा गांव की है।

जानकारी के अनुसार भैंसमुडा निवासी लीलाराम साहू देर रात अपने एक साथी के साथ मोटरसाइकिल से घर लौट रहे थे। इसी दौरान तेज रफ्तार अज्ञात हाईवा ने उनकी बाइक को जोरदार टक्कर मार दी। इस हादसे में लीलाराम साहू की मौके पर ही मौत हो गई, जबकि उनका साथी गंभीर रूप से घायल हो गया, जिसे इलाज के लिए अस्पताल भेजा गया है। हादसे की सूचना मिलते ही बड़ी संख्या में ग्रामीण मौके पर पहुंच गए। देखते ही देखते माहौल तनावपूर्ण हो गया और ग्रामीणों ने शव उठाने का विरोध शुरू कर दिया। इसी दौरान 112 आपातकालीन वाहन और “वंदे मातरम सेवा परिवार” की निजी एंबुलेंस मौके पर पहुंची, लेकिन भीड़ ने उन्हें भी शव उठाने से रोक दिया।

स्थिति बिगड़ने पर कुछ लोगों ने एंबुलेंस चालक के साथ हाथापाई की और वाहन में तोड़फोड़ कर दी। इस दौरान मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों को भी विरोध का सामना करना पड़ा। स्थिति को नियंत्रित करने के प्रयास में एक सब-इंस्पेक्टर और एंबुलेंस चालक घायल हो गए। पुलिस के अनुसार घटना के दौरान इलाके में तनाव फैल गया और स्थिति को नियंत्रित करने के लिए अतिरिक्त बल बुलाना पड़ा। बताया जा रहा है कि मौके पर पेट्रोलिंग वाहन की कमी के कारण पुलिस को पहुंचने में थोड़ी देरी हुई, जिससे स्थिति और बिगड़ गई।

ग्रामीणों का आरोप था कि हादसे के बाद पुलिस और प्रशासन की कार्रवाई में देरी हुई, जिससे आक्रोश बढ़ गया। हालांकि पुलिस अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि मामले को नियंत्रित करने का प्रयास किया गया और स्थिति अब पूरी तरह नियंत्रण में है। घटना के बाद एंबुलेंस चालक ने थाने में शिकायत दर्ज कराई है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है और तोड़फोड़ व मारपीट में शामिल लोगों की पहचान की जा रही है। अधिकारियों ने कहा है कि वीडियो फुटेज और प्रत्यक्षदर्शियों के बयान के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी। स्थानीय प्रशासन ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील की है और कहा है कि कानून हाथ में लेने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी।