विकास और पर्यावरण के संतुलन का मिसाल बना भखारा आईटीआई
विकास और पर्यावरण के संतुलन का मिसाल बना भखारा आईटीआई
31 लाख से संवरा ‘ऑपरेशन सिंदूर उद्यान’, कौशल विकास के साथ महक रही हरियाली
रायपुर । औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) भखारा का परिसर इन दिनों अपनी नई पहचान और प्राकृतिक सुंदरता से लोगों का ध्यान खींच रहा है। पर्यावरण वानिकी मद से लगभग 31 लाख रुपए की लागत से निर्मित ‘ऑपरेशन सिंदूर उद्यान’ अब धीरे-धीरे आकार ले चुका है। कभी खाली रहने वाला यह परिसर आज औषधीय, फलदार और छायादार पौधों की लहलहाती हरियाली से आच्छादित हो रहा है, जो विकास और प्रकृति के बेहतरीन संतुलन का उदाहरण प्रस्तुत कर रहा है।
इस उद्यान की आधारशिला पर्यावरण संरक्षण, हरित क्षेत्र के विस्तार और विद्यार्थियों के साथ-साथ आम नागरिकों को स्वच्छ एवं प्राकृतिक वातावरण देने के उद्देश्य से रखी गई थी। परिसर में रोपे गए विभिन्न प्रजातियों के पौधे अब विकसित हो रहे हैं, जिससे यह स्थल आने वाले समय में प्रकृति-प्रेमियों, विद्यार्थियों और स्थानीय निवासियों के लिए एक उत्कृष्ट अध्ययन व विश्राम केंद्र के रूप में उभरेगा।
गौरतलब है कि अप्रैल माह में क्षेत्रीय विधायक अजय चंद्राकर द्वारा इस श्ऑपरेशन सिंदूर उद्यानश् का लोकार्पण किया गया था। इसी दौरान मुख्यमंत्री कौशल विकास योजना के तहत लाइवलीहुड केंद्र (भखारा-भठेली) का शुभारंभ कर युवाओं को प्रशिक्षण किट भी वितरित की गई थी।
एक ही परिसर में कौशल विकास, रोजगार और पर्यावरण संवर्धन का यह दोहरा मॉडल क्षेत्र के युवाओं को आत्मनिर्भर बनाने के साथ-साथ प्रकृति के प्रति जागरूक भी कर रहा है। पौधों के पूर्ण रूप से वृक्ष बनने पर यह उद्यान भखारा और धमतरी जिले के लिए एक प्रमुख हरित लैंडमार्क के रूप में अपनी पहचान स्थापित करेगा।








