बिल्हा में विवादित पुलिस कार्रवाई, मकान विवाद में खरीदार पर FIR, असली दोषी बचा
बिल्हा में विवादित पुलिस कार्रवाई, मकान विवाद में खरीदार पर FIR, असली दोषी बचा
बिलासपुर। विवादों के बीच बिल्हा पुलिस का एक और कारनामा सामने आया है। ग्राम बिटकुली में जिस महिला ने जमीन और मकान की बिक्री की थी। उस जमीन को समतल करने के लिए तोड़ने वाले महिला के बेटे और खरीदार के खिलाफ शिकायत मिलने पर पुलिस ने तत्काल अपराध दर्ज कर लिया। इतना ही नहीं पुलिस ने खरीदार और शिकायत करने वाली महिला के बेटे को गिरफतार करने के बाद मुचलके पर छोड़ भी दिया।
ग्राम बिटकुली निवासी जलबाई खरे और उसके परिवार के सदस्यों ने सकरी थानांतर्गत सत्य नगर अमेरी निवासी संगीता गढ़ेवाल और नवनीत कौर खनूजा से गांव में खसरा नंबर 131/ 14, 0.043 हेक्टेयर जमीन बेची थी। जमीन में जलबाई का पुराना जर्जर मकान था। इस मकान की खरीदी का उल्लेख विक्रय पत्र में था।
मकान में जलबाई का बेटा सुरेश खरे रहता था। जमीन की रजिस्ट्री के दौरान जलबाई और उसके परिवार के सदस्यों ने कुछ दिनों के बाद मकान तोड़वाकर जमीन समतल कर देने की मोहलत मांगी थी। इस बात पर खरीदार संगीता के पित अर्जुन गढ़ेवाल सहमति जताते हुए जमीन समतल कराने पर बिक्री की शेष रकम लाख 30 हजार रुपए का भुगतान करने की सहमति जताई थी, जिसपर दोनों पक्षों के बीच सहमति बनी थी।
एक साल के बाद भी जलबाई और उसके परिवार के सदस्यों ने एक साल तक मकान नहीं ढहाया। अर्जुन ने जमीन समतल कराने के लिए कहा। जिसपर सुरेश ने 12 मई को जेसीबी लाकर जर्जर मकान को ढहाने के बाद शेष रकम 4 लाख 30 हजार रुपए लेते हुए इस देनदेन और मकान तोड़ने का शपथ पत्र भी अर्जुन को दिया था।
13 मई को जलबाई अचानक थाने पहुंची और मकान को जेसीबी से तोड़े जाने की शिकायत दर्ज कराई। उसने बताया कि वह बड़े बेटे मुकेश के साथ उसी जर्जर मकान में रहती थी और 11 मई को परिवार समेत सीपत के नवागांव शादी में गई थी। 12 मई की शाम करीब 7 बजे गांव के ही धरम कुर्रे ने फोन पर सूचना दी कि किसी ने उनका मकान पूरी तरह तोड़कर गिरा दिया है।
मकान के मलबे में करीब दो लाख रुपये का नुकसान हुआ है। मलबे के नीचे दबकर घर के महत्वपूर्ण कागजात जैसे पट्टा, राशन कार्ड, बैंक पासबुक और पैन कार्ड नष्ट हो गए हैं। इसके अलावा घर में रखे 20 तोला चांदी के करधन, तीन जोड़ी चांदी की पायल, सोने की मालाएं (9 और 7 फर वाली) और तीन लाख रुपये नकद गायब हैं। घर में रखे इलेक्ट्रॉनिक उपकरण जैसे चार पंखे और स्टेबलाइजर भी पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए हैं।
दस्तावेज लेकर पहुंचा खरीदार, रातभर थाने में बिठाया
जलबाई के शिकायत लेकर पहुंचने के संबंध में बिल्हा थाने में पदस्थ एक आरक्षक ने बिटकुली में रहने वाले एक रिश्तेदार को सूचना दी। रिश्तेदार की सूचना पर अर्जुन 13 मई को दोपहर 4 बजे जमीन के दस्तावेज लेकर थाने पहुंचा। उसे देखते ही थानेदार ने बिना दस्तावेज देखे अर्जुन को थाने में बिठा दिया।
उसे रातभर थाने में बिठा रखा और 14 मई को जलबाई के बेटे को भी पकड़ लिया। इसके बाद दोनों के खिलाफ अपराध दर्ज होने की जानकारी दी गई और गिरफ्तार करने के बाद मुचलके पर छोड़ दिया।
फरमाइश नालसी देने वाली पुलिस ने सबकुछ किया तत्काल
आमतौर पर संपत्ति संबंधी शिकायतों पर पुलिस लोगों को फरमाइश नालसी यानी पुलिस हस्तक्षेप अयोग्य अपराध का हवाला देकरन्यायालय जाने की सलाह देती है, लेकिन बिल्हा पुलिस ने बिना एफआईआर के खरीदार संगीता के पति को थाने में बिठा दिया और रात 8 बजे मामले में अपराध दर्ज किया।
ढहाए गए मकान की खरीदी बिक्री होने की जानकारी नहीं है। यह हुआ था और बिना दस्तावेज देखे एफआईआर दर्ज हुई है तो मामले की जांच कर खात्मा कार्रवाई की जाएगी।







