खाद्य मंत्री बघेल ने की जिला डीएमएफ शासी परिषद की समीक्षा

खाद्य मंत्री बघेल ने की जिला डीएमएफ शासी परिषद की समीक्षा

खाद्य मंत्री बघेल ने की जिला डीएमएफ शासी परिषद की समीक्षा

निर्माण कार्य समय-सीमा में पूर्ण करने के निर्देश

गुणवत्ता से समझौता नहीं करने दी सख्त हिदायत

रायपुर । खाद्य, नागरिक आपूर्ति एवं उपभोक्ता संरक्षण मंत्री श्री दयाल दास बघेल ने बेमेतरा जिला स्थित कलेक्टरेट के सभाकक्ष में अधिकारियों की बैठक लेकर जिला खनिज संस्थान न्यास (डीएमएफटी) शासी परिषद की समीक्षा की। बैठक में साजा विधायक श्री ईश्वर साहू भी मौजूद थे । मंत्री श्री बघेल ने बैठक में जिले में संचालित विकास कार्यों, जनकल्याणकारी योजनाओं और खनिज न्यास निधि से स्वीकृत परियोजनाओं की प्रगति की जानकारी ली।

निर्माण कार्यों में तेजी लाने के निर्देश
    मंत्री श्री बघेल ने बैठक के दौरान अधिकारियों को स्पष्ट निर्देश दिए कि खनिज न्यास निधि के अंतर्गत स्वीकृत सभी निर्माण कार्यों को निर्धारित समय-सीमा के भीतर अनिवार्य रूप से पूर्ण किया जाए। उन्होंने कहा कि विकास कार्यों में अनावश्यक देरी न केवल योजनाओं की प्रभावशीलता को प्रभावित करती है, बल्कि आम जनता को मिलने वाले लाभ में भी बाधा उत्पन्न करती है।

गुणवत्ता से कोई समझौता नहीं
    मंत्री श्री बघेल ने निर्माण कार्यों की गुणवत्ता को सर्वाेच्च प्राथमिकता देने पर जोर देते हुए अधिकारियों को सख्त चेतावनी दी। उन्होंने कहा कि किसी भी परियोजना में गुणवत्ता में कमी या लापरवाही पाए जाने पर संबंधित एजेंसी और जिम्मेदार अधिकारियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि सभी कार्य निर्धारित मानकों और तकनीकी दिशा-निर्देशों के अनुरूप ही किए जाएं।

जनहित के कार्यों को प्राथमिकता
    बैठक में शिक्षा, स्वास्थ्य, पेयजल एवं आधारभूत संरचना से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता देने के निर्देश दिए गए। मंत्री श्री बघेल ने कहा कि खनिज प्रभावित क्षेत्रों में रहने वाले लोगों को इन योजनाओं का सीधा लाभ मिलना चाहिए, ताकि उनके जीवन स्तर में वास्तविक सुधार हो सके।

ग्राउंड लेवल पर निरीक्षण के निर्देश
    मंत्री श्री बघेल ने अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे नियमित रूप से धरातल पर जाकर कार्यों का निरीक्षण करें और प्रगति का मूल्यांकन करें। उन्होंने कहा, “विकास कार्यों का उद्देश्य अंतिम व्यक्ति तक लाभ पहुँचाना है, इसमें किसी प्रकार की लापरवाही या देरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी।” उन्होंने अधिकारियों को फील्ड विजिट बढ़ाने और कार्यों की वास्तविक स्थिति का प्रत्यक्ष निरीक्षण कर समय-समय पर रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए।

पारदर्शिता और जवाबदेही पर जोर
    बैठक में निर्माण कार्यों में पारदर्शिता सुनिश्चित करने, कार्यों की नियमित मॉनिटरिंग करने तथा संसाधनों के सही उपयोग पर विशेष जोर दिया गया। साथ ही ग्रामीण एवं खनिज प्रभावित क्षेत्रों में बुनियादी सुविधाओं के विस्तार को प्राथमिकता देने पर चर्चा की गई। इस अवसर पर कलेक्टर सुश्री प्रतिष्ठा ममगाई, पुलिस अधीक्षक रामकृष्ण साहू, जिला पंचायत सीईओ सुश्री प्रेमलता पद्माकर, जिला खनिज अधिकारी श्री रोहित साहू सहित विभिन्न विभागों के वरिष्ठ अधिकारी और शासी परिषद के सदस्य उपस्थित थे।