खाद की कालाबाजारी पर सख्ती, कलेक्टर ने मंच से दिलाई शपथ
खाद की कालाबाजारी पर सख्ती, कलेक्टर ने मंच से दिलाई शपथ
सक्ती : कलेक्टर अमृत विकास टोपनो ने चुरतेली ग्राम में आयोजित सुशासन तिहार कार्यक्रम के दौरान अपने अनोखे और सख्त अंदाज से सभी को चौंका दिया। कार्यक्रम में किसानों की समस्याओं को गंभीरता से सुनते हुए कलेक्टर ने मंच से ही कृषि विभाग के अधिकारी को खाद की कालाबाजारी रोकने की शपथ दिलाई।
कलेक्टर ने अपने संबोधन में कहा कि आज के समय में रोटी, कपड़ा और मकान के साथ बिजली, पानी और कृषि भी लोगों की मूल आवश्यकता बन चुकी है। किसानों ने खाद की कालाबाजारी, अधिक कीमत पर बिक्री और जमाखोरी की शिकायतें रखीं, जिस पर कलेक्टर ने तत्काल कार्रवाई के निर्देश दिए।
मंच से ही कृषि अधिकारी को सार्वजनिक रूप से कसम दिलाते हुए कलेक्टर ने कहा कि जिले में कहीं भी खाद की कालाबाजारी, अधिक मूल्य पर बिक्री या जमाखोरी पाए जाने पर सख्त कार्रवाई की जाए। कृषि अधिकारी ने भी कार्रवाई करने का आश्वासन दिया। कलेक्टर के इस अनोखे अंदाज की कार्यक्रम में मौजूद लोगों के बीच काफी चर्चा रही। किसानों ने प्रशासन की इस पहल का स्वागत करते हुए उम्मीद जताई कि अब खाद की समस्या और कालाबाजारी पर अंकुश लगेगा।
कलेक्टर का कड़ा रुख: सक्ती जिले के कलेक्टर अमृत विकास टोपनो ने सुशासन तिहार के मंच से कृषि अधिकारी को सार्वजनिक रूप से खाद की कालाबाजारी और जमाखोरी रोकने की कसम दिलाई।
किसानों का दर्द सुना: चुरतेली ग्राम में आयोजित कार्यक्रम के दौरान किसानों ने कलेक्टर के सामने खाद की किल्लत, जमाखोरी और निर्धारित मूल्य से अधिक दाम पर बिक्री की गंभीर शिकायतें रखी थीं।
कृषि भी मूल आवश्यकता: कलेक्टर ने अपने संबोधन में कहा कि वर्तमान समय में रोटी, कपड़ा और मकान की तरह ही बिजली, पानी और कृषि भी आम जनता की मूलभूत आवश्यकता बन चुकी है।
किसानों ने किया स्वागत: प्रशासन के इस सख्त और अनोखे तेवर की कार्यक्रम में मौजूद ग्रामीणों के बीच खूब चर्चा रही। किसानों ने इस पहल की सराहना करते हुए राहत की उम्मीद जताई है।







