सामान्य सभा में टपकी छत, विपक्ष ने घेरा निगम
सामान्य सभा में टपकी छत, विपक्ष ने घेरा निगम
रायपुर। रायपुर नगर निगम की विशेष सामान्य सभा की बैठक चल रही है। मानसून के बीच बुलाई गई इस बैठक में शहर में जलभराव, सफाई व्यवस्था, नालों की सफाई, सड़क मरम्मत और बारिश के दौरान लोगों के सुविधाओं से जुड़े मुद्दों पर चर्चा हो रही है।
हालांकि, निगम मुख्यालय में भी जगह-जगह पानी टपक रहा है। बता दें कि नालों की सफाई के लिए निगम ने 2026-27 के बजट में करीब 3 हजार करोड़ रुपए का प्रावधान किया है। यह राशि पिछले साल के लगभग 2 हजार करोड़ रुपए के बजट की तुलना में काफी ज्यादा है।
वहीं, नेता प्रतिपक्ष आकाश तिवारी अख़बारों की कतरनों से बनी लाइफ जैकेट लेकर सामान्य सभा पहुंचे। उन्होंने नगर निगम की ट्रिपल इंजन की सरकार को फेल बताया। वहीं, भाजपा पार्षद ने स्वप्निल मिश्रा अधिकारियों को चोर कहा। उन्होंने कहा कि जोन अधिकारी ना तो काम कर रहे हैं, ना सहयोग कर रहे हैं।

चोर कहने पर सभापति ने टोकते हुए कहा कि आपका मुद्दा ठीक है, लेकिन शब्दों का सही चयन करें। वहीं, भुगतान नहीं मिलने से नाराज ठेकेदारों ने निगम मुख्यालय के बाहर प्रदर्शन किया। इस दौरान उन्होंने निगम प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की और 'निगम कमिश्नर हाय-हाय' के नारे लगाए।
पिछली बैठकों में हुआ था हंगामा
इससे पहले 27 अप्रैल को आयोजित विशेष सामान्य सभा में महिला सशक्तिकरण अभियान को लेकर चर्चा हुई थी। वहीं, 9 अप्रैल की सामान्य सभा में सिटी कोतवाली चौक का नाम बदलकर "जैन स्तंभ" करने के प्रस्ताव पर सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी बहस हुई थी।
बैठक शुरू होने से पहले कांग्रेस पार्षदों ने पानी की समस्या को लेकर मटका और बाल्टी के साथ प्रदर्शन किया, जबकि प्लेसमेंट कर्मचारियों ने भी निगम मुख्यालय का घेराव किया था।
विशेष सामान्य सभा पर विपक्ष के सवाल
बैठक शुरू होने से पहले ही पूर्व महापौर और कांग्रेस नेता प्रमोद दुबे ने विशेष सामान्य सभा बुलाने के औचित्य पर सवाल उठाए। उनका कहना है कि विशेष सामान्य सभा आमतौर पर किसी महत्वपूर्ण नीति निर्णय, आपात स्थिति या अत्यंत आवश्यक विषय पर बुलाई जाती है, जबकि सफाई व्यवस्था और जलभराव नगर निगम की नियमित जिम्मेदारियां हैं। ऐसे मुद्दों पर विशेष बैठक बुलाना प्रशासनिक तैयारियों पर सवाल खड़ा करता है।








