बिना अनुमति रिटायर्ड अफसरों की संविदा बहाली
बिना अनुमति रिटायर्ड अफसरों की संविदा बहाली
रायपुर। छत्तीसगढ़ स्टेट इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट कारपोरेशन (सीएसआइडीसी) में नियमों को ताक पर रखकर दो सेवानिवृत्त अधिकारियों को संविदा नियुक्ति देने का मामला सामने आया है। आरोप है कि प्रबंध संचालक (एमडी) ने राज्य शासन की अनिवार्य अनुमति लिए बिना ही नियुक्ति आदेश जारी कर दिए।
सीएसआइडीसी के सेवानिवृत्त मुख्य अभियंता हेमराज कुटारे और कार्यपालन अभियंता एच.आर. वर्मा को एक वर्ष के लिए संविदा पर पुनर्नियुक्त किया गया है। इन दोनों अधिकारियों को निगम की सबसे महत्वपूर्ण तकनीकी शाखा की कमान सौंपी गई है।
यह है सरकार का नियम
राज्य सरकार के स्पष्ट निर्देश हैं कि किसी भी सेवानिवृत्त अधिकारी को संविदा पर नियुक्त करने से पहले सामान्य प्रशासन विभाग (जीएडी) और वित्त विभाग से विधिवत अनुमति लेना अनिवार्य है। इसके अलावा, विभागीय मंत्री का अनुमोदन भी आवश्यक होता है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, इस मामले में न तो शासन से अनुमति ली गई है और न ही विभागीय मंत्री को संज्ञान में लिया गया।
हैरत की बात यह है कि सीएसआइडीसी के प्रबंध संचालक विश्वेश कुमार ने 'अनुमति मिलने की प्रत्याशा' में ही नियुक्ति आदेश जारी कर दिए। 26 मई 2026 को संचालक मंडल की बैठक में एजेंडा पारित होने के बाद, उच्च स्तरीय प्रक्रिया पूरी किए बिना ही अधिकारियों ने कार्यभार भी संभाल लिया है। मामले में विश्वेश कुमार ने नईदुनिया से कहा कि इस संबंध में बोर्ड के निर्णय लिए हैं।
सीएसआइडीसी में अफसरों की बेहद कमी है। अनुमति मिलने की प्रत्याशा में ही नियुक्ति की गई है ताकि काम प्रभावित न हो।- राजीव अग्रवाल, अध्यक्ष, सीएसआइडीसी








